नई दिल्ली । छात्र आंदोलन खत्म हो गया है. सीजेपी ने तत्काल प्रभाव से आंदोलन खत्म करने का ऐलान कर दिया है. केंद्र सरकार सीजेपी नेताओं के बीच तीसरे दौर की बैठक खत्म होने के बाद दोनों पक्षों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की.प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीजेपी प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि तीन दौर की बातचीत के बाद सरकार ने हमारी सभी मांगें मान ली है, जिस वजह से हम तत्काल प्रभाव से आंदोलन खत्म करते हैं. सीजेपी ने छात्रों से अपील की है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपने घर लौट जाएं.
👉CJP की ये थी मुख्य मांगे

प्रेस कॉन्फ्रेंस के साथ बात करते हुए कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रंका ने कहा कि हमने सरकारी प्रतिनिधिमंडल के साथ तीन दौर की बातचीत शुरू हो गई है. जंतर-मंतर पर हमारा विरोध प्रदर्शन पिछले कई दिनों से चल रहा था. सीजेपी ने कहा कि तीन मांगे मुख्य थी…
👉पहला- धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा
👉दूसरा- प्रदर्शन में शामिल छात्रों के खिलाफ एफआईआर भविष्य में भी दर्ज नहीं होगी.
👉तीसरा- मृत छात्रों के परिजनों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाएगा.
👉FIR वापस लेने के लिए मानी सरकार- सौरव दास
सौरव ने कहा कि हमारी पहली मांग धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के साथ ही पूरी हो गई. हमारी दूसरी मांग प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज सभी एफआईआर वापस ली जाएं फिर चाहें वह दिल्ली में हो या फिर बाकी राज्यों में जहां भी भाजपा सरकार है या फिर भाजपा गठबंधन की. सरकार ने इस मांग को भी मान लिया है. सरकार ने हमें भरोसा दिलाया है कि वह दर्ज सभी FIR की कॉपी हमें देगी. हमारी आखिरी जानकारी के मुताबिक, दिल्ली में 15 से 20 FIR दर्ज की गई थीं हमें हर हाल में तीन से चार दिनों के अंदर वे कॉपी मिल जाएंगी. सरकार ने भरोसा दिलाया है कि FIR जल्द ही वापस ले ली जाएंगी. हमने सरकार के साथ एक ड्राफ्ट शेयर किया है, जो एक लिखित गारंटी है. सरकार ने कहा है कि वह मंगलवार तक इसे हमारे साथ शेयर करेगी.
👉पीड़ित परिवारों को 1 करोड़ रुपये देगी सरकार
आशुतोष रंका ने कहा कि NEET पीड़ितों के परिवारों के लिए हमने 1 करोड़ रुपये के मुआवजे की मांग की थी. सरकार इस पर सहमत हो गई है. नियमों कानूनों के तहत पीड़ित परिवारों को सम्मानजनक मुआवजा दिया जाएगा.
👉शिक्षा मंत्री ने दिया इस्तीफा
दोनों पक्षों की मीटिंग से पहले शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है. नीट पेपर लीक केस में उनके इस्तीफे की मांग करते हुए सीजेपी पिछले 36 दिनों से जंतर-मंतर पर धरना दे रही थी. इस्तीफे के बाद जंतर-मंतर पर जश्न का माहौल बन गया. छात्रों ने खुशी में नाचना गाना शुरू कर दिया था.
प्रधान ने अपने इस्तीफे का ऐलान चिट्ठी पोस्ट करके दी थी. उन्होंने दो पेज 575 शब्दों में अपनी बात लिखी. इस चिट्ठी में बाकी बातों के साथ प्रधान ने दो जगह युवाओं को भ्रमित करने की बात भी कही.
