KORBA : डोकरमना सचिव शिव रतन को हटाने अब रामपुर विधायक ने भी लिखा पत्र

कोरबा। जनपद पंचायत कोरबा के अंतर्गत ग्राम पंचायत डोकरमना के सचिव शिव रतन सिंह कंवर को हटाने का मामला करीब तीन महीने बाद भी अटका हुआ है। ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती अनिता मंझवार ने 19 जून 2026 को जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को पत्र सौंपकर सचिव को अन्य ग्राम पंचायत में स्थानांतरित करने की मांग की थी। शिकायत में पंचायत के विकास कार्य प्रभावित होने के साथ ही ग्रामीणों और विद्यार्थियों को विभिन्न जरूरी कार्यों के लिए परेशानी होने का उल्लेख किया गया था।

सरपंच श्रीमती अनिता मंझवार ने अपने पत्र में आरोप लगाया कि सचिव द्वारा अपने कर्तव्यों का समुचित निर्वहन नहीं किया जा रहा है। पंचायत में सचिव की नियमित उपस्थिति नहीं होने से जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र, राशन कार्ड, जॉब कार्ड, पेंशन तथा छात्रों से जुड़े शैक्षणिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं। साथ ही पंचायत के विकास कार्य भी आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं। सरपंच ने कहा कि निर्वाचित होकर पदभार ग्रहण करने के बाद से ही पंचायत के कई कार्य सचिव के सहयोग के अभाव में बाधित हैं।

👉जनपद सीईओ ने भी की अनुशंसा

सरपंच की शिकायत के बाद जनपद पंचायत स्तर से मामले को आगे बढ़ाया गया। 25 जून 2026 को मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत कोरबा की ओर से जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को पत्र भेजकर सचिव शिव रतन सिंह कंवर के स्थानांतरण के संबंध में आवश्यक कार्रवाई की अनुशंसा की गई।
जिला पंचायत को भेजे पत्र में भी ग्राम पंचायत के नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा सचिव के कार्यों को लेकर आपत्ति जताए जाने तथा जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, राशन कार्ड, जॉब कार्ड, पेंशन, छात्रों के शैक्षणिक कार्य और पंचायत के विकास कार्य प्रभावित होने की बात का उल्लेख किया गया। पत्र में जनहित में नियमानुसार त्वरित कार्रवाई का आग्रह किया गया।

👉अनुशंसा के बाद भी सचिव नहीं बदला

जून में सरपंच की शिकायत, उसके बाद जनपद पंचायत सीईओ की अनुशंसा और जिला पंचायत को भेजे गए पत्र के बावजूद अब तक डोकरमना पंचायत में सचिव शिव रतन सिंह कंवर की पदस्थापना बनी हुई है। यानी शिकायत और प्रशासनिक स्तर पर अनुशंसा के बावजूद करीब तीन महीने में भी स्थानांतरण को लेकर अंतिम निर्णय नहीं हो सका है।

👉अब विधायक ने भी लिखा पत्र

मामले में अब क्षेत्रीय विधायक फूलसिंह राठिया की ओर से भी सचिव के स्थानांतरण को लेकर जिला पंचायत सीईओ को पत्र लिखा गया है। ऐसे में सवाल यह है कि जब सरपंच की शिकायत पर जनपद स्तर से जिला पंचायत को अनुशंसा भी भेजी जा चुकी है और अब जनप्रतिनिधि स्तर से भी मामला उठाया गया है, तो आखिर डोकरमना पंचायत के सचिव को लेकर निर्णय कब होगा?
ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत से जुड़े जरूरी प्रमाण पत्र और शासकीय योजनाओं के कार्य सीधे आम लोगों से जुड़े हैं। ऐसे में सचिव की कार्यप्रणाली को लेकर उठी शिकायतों का जल्द निराकरण होना जरूरी है।