12 साल का कार्यकाल विफलताओं से भरा,इस्तीफा दें प्रधानमंत्री मोदी -भूपेश बघेल,पूर्व CM ने PM पर साधा निशाना …

रायपुर । छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने महंगाई, बेरोजगारी, नोटबंदी, जीएसटी और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। बघेल ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी के 12 साल के कार्यकाल में आम जनता को राहत नहीं मिली है। उन्होंने प्रधानमंत्री से तत्काल इस्तीफा देने और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को जेल भेजने की मांग भी की।

मोदी जी के 12 सालों का कार्यकाल विफलताओं से भरा रहा है। नोटबंदी से काला धन वापस नहीं आया और GST से महंगाई कम नहीं हुई।
आज पेट्रोल, डीजल, रसोई का सामान, प्याज और लहसुन महंगे हैं, छत्तीसगढ़ में चावल ₹90/किलो तक बिक रहा है।
लोगों को नौकरियां नहीं मिल रही हैं। जो नौकरियां लोगों के पास थीं, वो भी छीनी जा रही हैं।
SIR के जरिए 13 करोड़ लोगों के नाम हटा दिए गए हैं। कभी वे EVM में हेरफेर करते हैं, तो कभी SIR के जरिए नाम हटा देते हैं।इसी तरह वे सत्ता में बने हुए हैं।

नरेंद्र मोदी को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए और ज्ञानेश कुमार को जेल भेजा जाना चाहिए।

— Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) October 19, 2026

मीडिया से बातचीत में भूपेश बघेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 साल का कार्यकाल विफलताओं से भरा रहा है। उन्होंने नोटबंदी और जीएसटी को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि नोटबंदी से काला धन वापस नहीं आया और जीएसटी से महंगाई कम नहीं हुई। बघेल ने कहा कि….आज भी आम लोगों को महंगाई का सामना करना पड़ रहा है। पेट्रोल-डीजल से लेकर रसोई के सामान, प्याज और लहसुन तक की कीमतों को लेकर उन्होंने केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में चावल की कीमत 90 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है।

पूर्व मुख्यमंत्री ने रोजगार के मुद्दे पर भी प्रधानमंत्री मोदी को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं को नौकरियां नहीं मिल रही हैं और जिन लोगों के पास रोजगार था, वे भी अपनी नौकरियां गंवा रहे हैं। बघेल के मुताबिक, महंगाई और बेरोजगारी ने आम जनता की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। उन्होंने केंद्र सरकार के आर्थिक फैसलों पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार के कार्यकाल में लोगों को अपेक्षित राहत नहीं मिली है। भूपेश बघेल ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि SIR के जरिए 13 करोड़ लोगों के नाम हटा दिए गए हैं।

बघेल ने आरोप लगाया कि कभी ईवीएम में गड़बड़ी के सवाल उठते हैं, तो कभी मतदाता सूची से नाम हटाए जाने का मामला सामने आता है। उन्होंने दावा किया कि इस तरह सत्ता में बने रहने की कोशिश की जा रही है। हालांकि, SIR के जरिए 13 करोड़ नाम हटाए जाने के दावे की पुष्टि के लिए आधिकारिक आंकड़ों की जरूरत है। मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के कारणों और वास्तविक संख्या को लेकर निर्वाचन आयोग के आंकड़े महत्वपूर्ण होंगे।

👉PM मोदी के इस्तीफे की मांग, ज्ञानेश कुमार को जेल भेजने की बात

अपने बयान में भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से तत्काल इस्तीफा देने की मांग की। इसके साथ ही उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को जेल भेजने की बात कही। बघेल का यह बयान केंद्र सरकार की नीतियों और चुनावी प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस के हमले को दर्शाता है। उनके आरोपों पर भाजपा और निर्वाचन आयोग की प्रतिक्रिया सामने आने पर इस राजनीतिक विवाद की आगे की तस्वीर स्पष्ट होगी।