KORBA : कोरबा ने रचा इतिहास ,’स्वच्छता महासंकल्प ‘ से एक घण्टे में 10 हजार से अधिक हस्ताक्षर कर तोड़ा गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड ….

कोरबा । छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले ने स्वच्छता के क्षेत्र में एक नया इतिहास रचते हुए देश ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत पहचान दर्ज कराई है। नगर पालिक निगम कोरबा द्वारा आयोजित स्वच्छता महासंकल्प एवं हस्ताक्षर अभियान के तहत महज एक घंटे के भीतर 10 हजार से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर कर गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में कोरबा का नाम दर्ज कराने में नया कीर्तिमान गढ़ा है।

गौरतलब है कि नगर निगम कोरबा स्वच्छता के क्षेत्र में लगातार नये प्रयोग कर रहा है। इसी का परिणाम है कि स्वच्छता सर्वेक्षण में नगर निगम कोरबा को देशभर के सबसे स्वच्छ शहरों में आठवां स्थान देकर सम्मानित किया गया था। इस बड़े सम्मान के बाद एक बार फिर नगर निगम ने नया कीर्तिमान हासिल करने में बड़ी सफलता हासिल की है। नगर निगम द्वारा स्वच्छता महासंकल अभियान का आगाज कर एक घंटे में 10 हजार हस्ताक्षर का लक्ष्य रखा गया था। इस विशेष अभियान के दौरान शहर में 280 मीटर लंबा विशाल बैनर लगाया गया, जिस पर आम नागरिकों, स्कूल और कालेज के विद्यार्थियों, सामाजिक संगठन के प्रतिनिधियों और जनप्रतिनिधियों ने स्वच्छता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दर्ज कराई।

बड़ी संख्या में लोगों की उत्साहपूर्ण भागीदारी ने इस आयोजन को जनआंदोलन का स्वरूप दे दिया। बच्चे, युवा और बुजुर्ग हर वर्ग ने आगे बढ़कर यह संदेश दिया कि स्वच्छता केवल सरकार की नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। स्वच्छता महासंकल्प अभियान में उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन, महापौर संजू देवी राजपूत, कलेक्टर कुणाल दुदावत और नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय की विशेष मौजूदगी रही। अतिथियों ने स्वयं भी बैनर पर हस्ताक्षर कर लोगों को स्वच्छता अपनाने के लिए प्रेरित किया। आयोजन स्थल पर स्वच्छता को लेकर हजारों लोगों को एक साथ शपथ दिलाया गया।

👉उद्योग मंत्री देवांगन ने कहा…कोरबा के लिए यह ऐतिहासिक पल

उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन ने इस महासंकल्प अभियान में शामिल होकर इसे कोरबा के लिए ऐतिहासिक पल बताया। उन्होने बताया कि कोरबा नगर निगम पहले ही देशभर की स्वच्छता रैंकिंग में आठवां स्थान हासिल कर चुका है, जो शहर के लिए गर्व की बात है। इस बड़ी उपलब्द्धि के बाद अब आज जिस तरह से जन समुदाय ने आगे बढ़कर महासंकल्प अभियान में अपनी सहभागिता दी है, यह रिकॉर्ड केवल संख्या का नहीं, बल्कि लोगों की सोच में आए बदलाव का प्रतीक है। यह अभियान आने वाले समय में कोरबा को स्वच्छता के क्षेत्र में एक मॉडल शहर के रूप में स्थापित करेगा और अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी पहचान दिलाएगा।

👉उत्तराखंड के रिकार्ड को कोरबा ने किया ब्रेक

नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय ने बताया कि निगम द्वारा लगातार जनभागीदारी आधारित स्वच्छता अभियान चलाए जा रहे हैं, जिसका यह परिणाम है। उन्होंने जानकारी दी कि इससे पहले उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले के नाम एक घंटे में करीब साढ़े सात हजार हस्ताक्षरों का रिकॉर्ड दर्ज था। जिसे कोरबा ने पीछे छोड़ते हुए नया वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि के साथ कोरबा ने यह साबित कर दिया है कि जब प्रशासन और जनता एक साथ संकल्प लेते हैं, तो स्वच्छता जैसे सामाजिक लक्ष्य भी बड़े कीर्तिमान में बदल सकते हैं।