कोरबा । प्रदेश को बिजली देने वाला कोरबा शहर खुद अंधेरे में डूबा हुआ है। मंगलवार शाम हुई बारिश के बाद शहर व ग्रामीण क्षेत्रों के कई फीडर बंद हो गए, जिससे कई इलाकों में पिछले करीब 4 घंटे से बिजली सप्लाई ठप पड़ी है। लगातार बिजली गुल रहने से लोगों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है।
भीषण गर्मी और उमस के बीच बिजली कटौती ने लोगों की परेशानी कई गुना बढ़ा दी है। घरों में पंखे और कूलर बंद होने से बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा परेशान हैं। कई इलाकों में इनवर्टर भी जवाब दे चुके हैं, जिससे रात होते ही कॉलोनियों और मोहल्लों में अंधेरा छा गया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि हल्की बारिश के बाद भी बिजली व्यवस्था चरमरा जाती है। हर बार घंटों तक सप्लाई बंद रहना अब आम बात बन चुकी है। लोगों ने बिजली विभाग की मेंटेनेंस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि “पॉवर सिटी” कहलाने वाले शहर में ही सबसे ज्यादा बिजली संकट देखने को मिल रहा है।
बिजली बंद होने का असर पानी सप्लाई पर भी पड़ा है। कई घरों में पानी की समस्या खड़ी हो गई है, वहीं छोटे कारोबारियों और दुकानदारों को भी नुकसान उठाना पड़ रहा है। सोशल मीडिया पर भी लोग बिजली विभाग को लेकर नाराजगी जाहिर कर रहे हैं।
👉तुमान फीडर भी अंधेरे में डूबा

विद्युत विभाग के निकम्मेपन की वजह से भीषण गर्मी में तुमान फीडर भी अंधेरे में डूबा है। दर्जनों गांव के ग्रामीण भीषण गर्मी उमस के बीच रतजगा कर रहे। यह कहानी केवल आज की नहीं आए दिन बनी रहती है। जरा सी आंधी तूफान आया कि चाम्पा से विद्युत आपूर्ति बंद कर दी जाती है। यही नहीं साफ मौसम में भी सुबह, दोपहर ,रात कभी भी बिजली कटौती की जा रही है। भारी भरकम बिल नियमित अदायगी के बाद भी बिजली नहीं मिलने से जनता काफी आक्रोशित नजर आ रही है। सुव्यवस्थित सड़क,बिजली ,पानी जैसे बुनियादी सुविधाओं की अनदेखी की वजह से पहले ही इस रामपुर विधानसभा क्षेत्र में सत्ताधारी दल भाजपा रामपुर सीट गंवा चुकी है। अब वर्तमान की यह अव्यवस्था लोगों को बड़े जनांदोलन के लिए विवश कर रहा।खबर लिखे जाने तक रात 12..10 बजे विद्युत व्यवस्था बहाल हो गई थी।
