CG : शहरी विकास को रफ्तार ,हाउसिंग मंडल का बढ़ा दायरा ,अब सड़क से एयरपोर्ट तक बनाएगा हाउसिंग बोर्ड ,विधेयक हुआ पास,जानें क्या है खास …

रायपुर। छत्तीसगढ़ में आवास और शहरी विकास को नई दिशा देते हुए विधानसभा में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल अधिनियम 1972 (संशोधन) विधेयक 2026 पारित कर दिया गया। इसके बाद अब यह संस्था ‘छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल’ के नाम से जानी जाएगी और केवल मकान निर्माण तक सीमित न रहकर सड़क, पुल, एयरपोर्ट सहित व्यापक इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं पर भी काम कर सकेगी।

वित्त, आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओपी चौधरी ने विधेयक पेश करते हुए बताया कि मंडल का गठन मूल रूप से 1972 के अधिनियम के तहत हुआ था और राज्य गठन के बाद से यह किफायती आवास और नगरीय विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

👉3050 करोड़ की 78 परियोजनाएं, मंडल हुआ ऋणमुक्त

मंत्री चौधरी के अनुसार, पिछले दो वर्षों में मंडल ने करीब 3,050 करोड़ रुपये की 78 नई परियोजनाएं शुरू की हैं। राज्य सरकार ने 735 करोड़ रुपये का ऋण चुकाकर मंडल को कर्जमुक्त कर दिया है। इसके साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के तहत 2000 EWS आवासों के निर्माण को मंजूरी दी गई है।

👉समावेशी और आधुनिक शहरी विकास पर जोर

संशोधन के जरिए मंडल को अब PPP मॉडल, जॉइंट वेंचर, स्लम रिडेवलपमेंट, टाउन प्लानिंग और मिक्स्ड लैंड यूज जैसी आधुनिक अवधारणाओं को लागू करने की अनुमति दी गई है। इससे राज्य में टिकाऊ और योजनाबद्ध शहरीकरण को बढ़ावा मिलेगा।

👉अब सड़क, पुल, एयरपोर्ट भी बनाएगा मंडल

मंडल को अब सड़क, पुल-पुलिया, राजमार्ग, हवाई अड्डे, जलप्रदाय और लॉजिस्टिक सिस्टम जैसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर काम करने का अधिकार मिल गया है। साथ ही यह अन्य संस्थाओं को तकनीकी और वित्तीय परामर्श भी देगा।

👉सीएम साय बोले- शहरीकरण को मिलेगा सुव्यवस्थित रूप

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि यह फैसला राज्य में आवास और अधोसंरचना विकास को नई गति देगा। मंडल को बहुआयामी एजेंसी बनाकर किफायती और गुणवत्तापूर्ण आवास सुनिश्चित किए जाएंगे।

👉27 जिलों में सक्रिय, 3050 करोड़ के प्रोजेक्ट जारी

गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष अनुराग सिंहदेव के मुताबिक, प्रदेश के 27 जिलों में 3,050 करोड़ की 78 परियोजनाएं प्रगति पर हैं।नवंबर 2025 के आवास मेले में 2,060 करोड़ की 56 योजनाएं शुरू। 2,517 संपत्तियों की बुकिंग, 1,477 का आवंटन। OTS योजना में 1,447 संपत्तियों की बिक्री (221 करोड़)। 650 करोड़ की 6 रिडेवलपमेंट परियोजनाओं की DPR तैयार।

👉बनेगा बड़ा शहरी कॉरिडोर

सरकार की योजना रायपुर, नवा रायपुर, भिलाई-दुर्ग और राजनांदगांव को जोड़कर एक एकीकृत शहरी कॉरिडोर विकसित करने की है, जिसमें इस मंडल की अहम भूमिका होगी।