CG : अवैध शराब और नकली होलोग्राम पर कांग्रेस का हल्लाबोल ,आबकारी मंत्री का पोस्टर जारी कर दागे सवाल ,कहा – किसकी छत्रछाया में चल रहा शराब का अवैध कारोबार ?

रायपुर । छत्तीसगढ़ में अवैध शराब और नकली होलोग्राम को लेकर सियासत तेज हो गई है। कांकेर के भानुप्रतापपुर में बड़ी मात्रा में खाली शराब की बोतलें, ढक्कन, स्टीकर और होलोग्राम बरामद होने के बाद कांग्रेस ने आबकारी मंत्री लखनलाल देवांगन और साय सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस ने सवाल उठाया है कि जब प्रदेश में जगह-जगह अवैध शराब से जुड़े मामले सामने आ रहे हैं, तो आखिर इस कारोबार पर प्रभावी अंकुश क्यों नहीं लग पा रहा है। छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने अपने आधिकारिक ‘X’ हैंडल से सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि “कंबल ओढ़कर घी खाने” वाला मुहावरा साय सरकार के आबकारी मंत्री ने चरितार्थ कर दिया है।

गौतरलब है कि हाल के दिनों में छत्तीसगढ़ के भानुप्रतापपुर और राजनांदगांव में शराब के अवैध बॉटलिंग यूनिट का पर्दाफाश हुआ है। मौके से पुलिस ने बड़ी संख्या में नकली स्टीकर, खाली बोतल और लेबल जब्त कर कार्रवाई की है। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद कांग्रेस एक बार फिर सूबे की साय सरकार और आबकारी मंत्री को घेरने में जुट गयी है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि प्रदेश में जगह-जगह अवैध शराब का जखीरा और शराब से जुड़े अवैध नेटवर्क पकड़े जा रहे हैं। पार्टी ने आबकारी मंत्री से सीधा सवाल किया कि “ये कारोबार आखिर किसकी छत्रछाया में फल-फूल रहा है?” कांग्रेस का यह हमला ऐसे समय हुआ है, जब भानुप्रतापपुर में पुलिस की कार्रवाई के दौरान 4,409 खाली शराब बोतल पौवा, हजारों ढक्कन और 105 पत्ता स्टीकर-होलोग्राम बरामद किए गए हैं।

मामले में आबकारी विभाग के अधिकारियों और अन्य लोगों पर भी कार्रवाई की खबर है। मामले की गंभीरता इसलिए भी बढ़ गई है क्योंकि बरामद सामग्री में शराब की खाली बोतलों के साथ होलोग्राम, स्टीकर और ढक्कन भी शामिल हैं। पुलिस इस पूरे मामले को अवैध शराब के कारोबार से जोड़कर जांच कर रही है और नकली या मिलावटी शराब तैयार किए जाने की आशंका भी जांच के दायरे में है। यही वजह है कि कांग्रेस अब सरकार की आबकारी निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठा रही है। विपक्ष का कहना है कि अगर शराब की बोतल, ढक्कन और होलोग्राम जैसी सामग्री अवैध कारोबारियों तक पहुंच रही है, तो विभाग की निगरानी और नियंत्रण व्यवस्था पर जवाबदेही तय होनी चाहिए।

👉भूपेश बघेल ने CM साय पर साधा निशाना

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी अवैध शराब के मुद्दे को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय पर तीखा राजनीतिक हमला किया है। बघेल ने सोशल मीडिया पोस्ट में ‘मिर्जापुर’ के ‘कालीन भैया’ का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री पर तंज कसा। उन्होंने लिखा कि…. “बधाई हो विष्णु देव जी! एक “क़ालीन भैया” तो आप में भी है. “मिर्ज़ापुर” की हक़ीक़त को तो आपने छत्तीसगढ़ की ज़मीन पर उतार दिया है. अफ़ीम, गांजा के बाद शराब के भी “स्टार्ट-अप” हर रोज़ सामने आ रहे हैं. डबल इंजन की इस सफलता की आपको भी बधाई मोदी जी ! बघेल ने इसे डबल इंजन सरकार की कथित सफलता से जोड़ते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी कटाक्ष किया।

👉मंत्री ने कार्रवाई के दिए निर्देश

वहीं भानुप्रतापपुर मामले में आबकारी मंत्री लखनलाल देवांगन के निर्देश पर विभागीय कार्रवाई भी सामने आई है। रिपोटों के मुताबिक जिला आबकारी अधिकारी को निलंबित करने के निर्देश दिए गए और संबंधित लोगों के खिलाफ FIR की कार्रवाई की गई। यानी सरकार की ओर से कार्रवाई का दावा है, लेकिन कांग्रेस का सवाल कार्रवाई से आगे जाकर निगरानी तंत्र और कथित संरक्षण पर है। छत्तीसगढ़ की राजनीति में शराब का मुद्दा नया नहीं है। पिछली कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के कथित शराब घोटाले को लेकर बीजेपी लगातार कांग्रेस पर हमला करती रही है।

अब कांग्रेस मौजूदा सरकार के कार्यकाल में सामने आ रहे अवैध शराब और नकली होलोग्राम के मामलों को लेकर बीजेपी को घेर रही है। ऐसे में सियासी सवाल यह है कि क्या कुछ मामलों में कार्रवाई कर सरकार मामला संभाल पाएगी या नकली होलोग्राम और अवैध शराब का मुद्दा आने वाले दिनों में बड़ा राजनीतिक हथियार बनेगा ? फिलहाल जांच एजेंसियों की कार्रवाई और सामने आ रहे तथ्यों के बीच कांग्रेस ने सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग तेज कर दी है। वहीं, किसी व्यक्ति या अधिकारी की मिलीभगत का आरोप जांच में प्रमाणित होने के बाद ही तथ्य माना जाएगा।