CG : RAEO राकेश रत्नेश पर 13 लाख की धोखाधड़ी का आरोप ,दवाइयाँ ली भुगतान रोका, कृषि औषधि कारोबारियों की शिकायत पर FIR दर्ज ,2 महीने से ड्यूटी से हैं गायब …

बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में कृषि विस्तार अधिकारी राकेश रत्नेश के खिलाफ कसडोल थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। कृषि औषधि कारोबारियों ने आरोप लगाया है कि अधिकारी ने अपने पद का दुरुपयोग कर उनसे कृषि संबंधी दवाइयां लीं, लेकिन करीब 13 लाख रुपये का भुगतान नहीं किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी अधिकारी की तलाश शुरू कर दी है। अधिकारियों के मुताबिक, एफआईआर दर्ज होने के बाद से राकेश रत्नेश फरार बताए जा रहे हैं।

👉कृषि दवाइयां लेकर भुगतान नहीं करने का आरोप

पीड़ित व्यापारियों के आरोपों के अनुसार, कृषि विस्तार अधिकारी ने उनसे कृषि संबंधी दवाइयां ली थीं, लेकिन लंबे समय तक भुगतान नहीं किया। बकाया रकम करीब 13 लाख रुपये बताई जा रही है। मामले में कसडोल पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि विवेचना के दौरान बकाया राशि से संबंधित अन्य तथ्य भी सामने आ सकते हैं।

👉2 महीने से ड्यूटी पर
अनुपस्थित, वेतन भी रोका गया

उपसंचालक कृषि दीपक नायक ने बताया कि राकेश रत्नेश के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने की सूचना विभाग को मिली है। उन्होंने कहा कि अधिकारी पिछले 2 महीने से काम पर उपस्थित नहीं हैं और उनका वेतन भुगतान भी नहीं किया जा रहा है। मामले की जानकारी उच्च कार्यालय को दे दी गई है। गिरफ्तारी के बाद नियमानुसार विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

👉कलेक्टर कार्यालय में पहले भी हुई थी शिकायत

विभागीय जानकारी के मुताबिक, इस मामले में पहले कलेक्टर कार्यालय में भी शिकायत दर्ज कराई गई थी। इसके बाद जांच की गई और जांच रिपोर्ट में आरोप सही पाए जाने की बात सामने आई थी। रिपोर्ट उच्च कार्यालय को भेजी गई थी। हालांकि, उस समय आगे की कार्रवाई नहीं हो सकी। अब पुलिस में एफआईआर दर्ज होने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है।

👉पुलिस तकनीकी माध्यमों से कर रही तलाश

एडिशनल एसपी कोमन सिन्हा ने बताया कि कृषि औषधि व्यापारियों की शिकायत पर कसडोल थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस आरोपी अधिकारी की तलाश कर रही है और तकनीकी माध्यमों से उसकी लोकेशन का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, मामले में शुरुआती तौर पर करीब 13 लाख रुपये की रकम सामने आई है, लेकिन जांच के दौरान यह राशि बढ़ भी सकती है।

👉गिरफ्तारी के बाद आगे की कार्रवाई

फिलहाल पुलिस आरोपी अधिकारी की तलाश में जुटी है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।