कोलकाता । पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजे को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रही हैं। ममता ने कहा कि हम चुनाव हारे नहीं हैं, हमें हराया गया है। ममता ने कहा- हमारी लड़ाई बीजेपी से नहीं, विलेन चुनाव आयोग है। भाजपा ने चुनाव आयोग की मदद से 100 सीटें लूटीं।

ममता ने कहा- चुनाव से दो दिन पहले ही हमारे लोगों को गिरफ्तार किया गया। जगह-जगह छापे मारे गए। IPS-IAS अधिकारियों का तबादला किया गया। प्रधानमंत्री और गृह मंत्री भी इसमें सीधे तौर पर शामिल हैं। SIR में 90 लाख नाम हटा दिए गए थे। उन्होंने बहुत गंदे और चालाक तरीके अपनाए।
ममता ने आरोप लगाया कि सोमवार को काउंटिंग सेंटर के अंदर उनके साथ धक्का-मुक्की, मारपीट और बदसलूकी की गई। ममता ने कहा- उन्होंने मेरे पेट और पीठ पर लात मारी। धक्का देकर बाहर निकाला।
पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी विधानसभा चुनाव के नतीजे सोमवार को आ चुके हैं। बंगाल के इतिहास में पहली बार भाजपा की सरकार बनने जा रही है।
👉ममता बोलीं- अब मैं आजाद चिड़िया, अपने तरीके से काम करूंगी
ममता ने कहा- मेरा लक्ष्य बिल्कुल साफ है। अब मैं एक आम व्यक्ति की तरह INDIA गठबंधन को मजबूत करूंगी। अभी मेरे पास कोई पद नहीं है, इसलिए मैं एक सामान्य नागरिक हूं। मैंने अपना पूरा जीवन लोगों की सेवा में दिया है। इन 15 सालों में मैंने एक पैसा भी पेंशन नहीं लिया और न ही कोई वेतन लिया। अब मैं एक आजाद चिड़िया हूं, इसलिए जो काम करना है, वह मैं अपने तरीके से करूंगी।
” चुनाव आयोग EVM लूटने में विलेन बना। वोटिंग के बाद EVM 80-90% चार्ज था। यह कैसे संभव है? BJP-आयोग ने मिलकर खेल खेला।”
ममता बनर्जी
मुख्यमंत्री, प. बंगाल
👉देश की 78% आबादी और 72% भूभाग पर अब भाजपा + का राज
गंगासागर से कन्याकुमारी तक पांच राज्यों के चुनावी नतीजों ने भाजपा विरोधी राजनीति के बड़े ‘पॉवर सेंटर्स’ को बड़ा झटका दिया है। ममता बनर्जी और एमके स्टालिन भाजपा को चुनौती देने वाले प्रमुख चेहरे थे।
बंगाल (42) और तमिलनाडु (39) लोकसभा की 81 सीटें तय करते हैं। इनके ढहने से इंडिया गठबंधन पिछड़ गया। केरल में कांग्रेस की जीत उसे राहत देती है, लेकिन यह बढ़त विपक्ष में नई खींचतान शुरू करेगी। अब विपक्ष की लड़ाई सत्ता की नहीं, प्रासंगिकता बचाने की हो गई है।
