KORBA : “स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट” और “विकास” बनाम कारोबार पर वार …..

कोरबा। शहर की बदहाल यातायात व्यवस्था, अव्यवस्थित बाजार, सड़कों पर अतिक्रमण और आम नागरिकों की रोजमर्रा की परेशानियों के बीच अब नगर निगम ने पावर हाउस रोड पर चार पहिया वाहनों की एंट्री बंद करने की तैयारी शुरू कर दी है। निगम इसे “स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट” और “विकास” की दिशा में बड़ा कदम बता रहा है, लेकिन प्रभावित व्यापारी इसे सीधे तौर पर अपने व्यापार पर हमला मान रहे हैं।

व्यापारियों का आरोप है कि शहर की मूल समस्याओं से ध्यान हटाकर अब “विकास” के नाम पर ऐसे प्रयोग किए जा रहे हैं, जिनका खामियाजा छोटे और मध्यम व्यापारियों को भुगतना पड़ेगा। उनका कहना है कि “कहीं पे निगाहें, कहीं पर निशाना” वाली स्थिति बन गई है। शहर को व्यवस्थित करने के बजाय अब चुनिंदा बाजारों पर प्रयोग किए जा रहे हैं।

👉क्या है निगम की योजना?

नगर निगम की योजना के मुताबिक अब पावर हाउस रोड में चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई जाएगी। ग्राहक और व्यापारी मल्टी लेवल पार्किंग में वाहन खड़े करेंगे और वहां से निःशुल्क ई-रिक्शा के जरिए दुकानों और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स तक पहुंचेंगे।

नगर निगम का तर्क है कि इससे ट्रैफिक जाम कम होगा और बाजार क्षेत्र अधिक व्यवस्थित दिखेगा। चैंबर ऑफ कॉमर्स ने भी इस प्रस्ताव पर सहमति दे दी है।लेकिन सबसे ज्यादा नाराजगी इसी सहमति को लेकर है।

👉“हमसे पूछा तक नहीं गया”

पावर हाउस रोड के व्यापारियों का कहना है कि जिस फैसले का सीधा असर उनके व्यवसाय पर पड़ने वाला है, उसी निर्णय से पहले उनसे कोई गंभीर चर्चा नहीं की गई।

व्यापारियों का आरोप है कि नगर निगम की बैठक से पहले चैंबर ऑफ कॉमर्स को प्रभावित दुकानदारों के साथ बैठक करनी चाहिए थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। बिना राय लिए सीधे सहमति दे दी गई।

व्यापारियों का कहना है कि बैठक में शहर के दूसरे क्षेत्रों के व्यापारी मौजूद थे, जबकि वास्तविक रूप से प्रभावित होने वाले कारोबारी खुद निर्णय प्रक्रिया से बाहर रहे।