MP/CG : ट्रेनों में रात में यात्रियों की सुरक्षा भगवान भरोसे ! रीवा-बिलासपुर एक्सप्रेस में कटनी आउटर परआधी रात घुस बिलासपुर की महिला से 2.80 लाख का सामान छीन , बेटे पर पत्थर से हमला कर बदमाश फरार,मची खलबली,उठे सवाल ? …

बिलासपुर/कटनी। ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा पर लगातार गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। रीवा से बिलासपुर आ रही ट्रेन में आधी रात महिला यात्री से लाखों रुपये की लूट और उसके बेटे पर जानलेवा हमला किए जाने की सनसनीखेज घटना सामने आई है।

बिलासपुर रेलवे थाना में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार, मंगला स्थित शुभम विहार सनसिटी, बिलासपुर निवासी 39 वर्षीय श्रीमती अल्पना मिश्रा 20 जुलाई 2026 की रात अपने बड़े बेटे ओम मिश्रा और छोटे बेटे सिद्धी विनायक मिश्रा के साथ ट्रेन नंबर 12248 रीवा-बिलासपुर एक्सप्रेस के स्लीपर कोच एस-4 की बर्थ क्रमांक 09, 10 एवं 12 पर विधिवत टिकट लेकर सफर कर रही थीं।

पीड़िता ने बताया कि रात करीब एक बजे कटनी मुख्य स्टेशन के आउटर पर ट्रेन रुकी हुई थी। इसी दौरान 4-5 अज्ञात युवक स्लीपर कोच में घूम रहे थे। उनका हैंडबैग कमर के पास रखा था। तभी एक युवक अचानक बैग उठाकर भागने लगा। उन्होंने बैग पकड़ने का प्रयास किया तो बदमाशों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी और साथियों के साथ बैग छीनकर भाग निकले।

👉पीछा करने पर बेटे पर पत्थरों से हमला

मां के शोर मचाने पर बड़ा बेटा ओम मिश्रा और अन्य यात्री बदमाशों का पीछा करते हुए ट्रेन के दरवाजे तक पहुंचे। आरोप है कि बदमाशों ने अश्लील गालियां देते हुए पीछा न करने की धमकी दी और रेलवे ट्रैक के पत्थर उठाकर फेंकने लगे। एक पत्थर ओम मिश्रा की बाईं आंख पर लगा, जिससे गंभीर चोट आई और खून बहने लगा। किसी तरह उसने ट्रेन का दरवाजा बंद कर अपनी जान बचाई। घटना के बाद सहयात्रियों ने तत्काल रेलवे हेल्पलाइन 139 पर सूचना दी।

👉बैग में था लाखों का सामान

लुटेरों द्वारा छीने गए हैंडबैग में करीब 2 लाख 80 हजार रुपये मूल्य का सामान रखा था, जिसमें सोने का मंगलसूत्र (लॉन्ग नेकलेस), सोने का छोटा लॉकेट, 10 हजार रुपये नकद, वीवो कंपनी का मोबाइल, बीएसएनएल सिम, एसबीआई एटीएम कार्ड, आधार कार्ड सहित अन्य जरूरी दस्तावेज शामिल थे। पीड़िता ने मोबाइल का आईएमईआई नंबर भी पुलिस को उपलब्ध कराया है।

👉इन धाराओं के तहत अपराध दर्ज

जीआरपी बिलासपुर ने अज्ञात 4-5 आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2), 296, 309(4), 351(3) एवं 3(5) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपियों की पहचान करने के लिए ट्रेन, स्टेशन और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।

👉ट्रेनों में बढ़ती वारदातों से यात्रियों में दहशत

जहां एक तरफ रेल से सफर करने वाले यात्री कई तरह की असुविधाओं का सामना कर रहे हैं तो वहीं उनकी और उनके सामान की सुरक्षा की भी जिम्मेदारी ठीक से नहीं निभाई जा रही है। ट्रेनों में चोरी, झपटमारी और लूट की घटनाओं में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। खासकर रात के समय लंबी दूरी की ट्रेनों में सक्रिय गिरोह यात्रियों को निशाना बना रहे हैं। रेलवे पुलिस के पास हर महीने ऐसे कई मामले दर्ज हो रहे हैं, लेकिन वारदातों पर प्रभावी अंकुश नहीं लग पा रहा है। ऐसे में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े हो रहे हैं। यात्रियों का कहना है कि रात्रिकालीन ट्रेनों में आरपीएफ और जीआरपी की गश्त बढ़ाई जानी चाहिए, ताकि इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।