JPSC-JSSC कथित भर्ती घोटाले विवाद में अभिजीत दिपके की एंट्री, प्रदर्शनकारी छात्रों से वीडियो कॉल पर कहा- आंदोलन को पूरा समर्थन…

नई दिल्ली-झारखंड : झारखंड में झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं को लेकर छात्रों का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है। इस बीच CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के संस्थापक अभिजीत दिपके ने प्रदर्शनकारी छात्रों से वीडियो कॉल पर बात कर उनके आंदोलन को अपना समर्थन देने का ऐलान किया।

अभिजीत दिपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर बताया कि उन्होंने JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि CJP झारखंड के सभी छात्रों के साथ मजबूती से खड़ी है और उनकी मांगों का समर्थन करती है। दिपके ने संकेत दिया कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और छात्रों के हितों की रक्षा को लेकर पार्टी आवाज बुलंद करेगी। दिपके ने छात्रों से कहा, ‘हमारा पूरा सहयोग रहेगा, आपके आंदोलन को मजबूत करने के लिए आपकी जितनी भी डिमांड है उसे पूरा किया जाएगा।’

  • झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी के विरोध में रांची में चल रहा छात्रों का सत्याग्रह रविवार को नौवें दिन भी जारी रहा। इस बीच आंदोलन को नया मोड़ देते हुए छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने अपनी मांगों के समर्थन में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी।
  • धरना स्थल पर मौजूद अभ्यर्थियों ने परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच, कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग दोहराई। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनका आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण है और मांगें पूरी होने तक सत्याग्रह जारी रहेगा।
  • भूख हड़ताल की घोषणा करते हुए देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि सरकार छात्रों की मांगों पर ठोस निर्णय नहीं ले रही है।
  • आंदोलनकारी छात्र 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा को रद्द करने, विवादित परीक्षा एजेंसी द्वारा आयोजित जेपीएससी, जेएसएससी-सीजीएल और अन्य भर्ती परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
  • महतो ने आरोप लगाया कि जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी हुए लगभग एक माह बीत चुका है, लेकिन राज्य सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया है। इससे अभ्यर्थियों में निराशा और आक्रोश लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द सकारात्मक पहल नहीं की तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।

👉भर्ती घोटाले की जांच तेज

इस बीच, जांच एजेंसियों ने जेपीएससी भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी की जांच के दौरान कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाई हैं। इन्हीं तथ्यों के आधार पर जांच का दायरा अब जेपीएससी के अलावा झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) की कुछ भर्ती परीक्षाओं तक भी बढ़ाया गया है। हालांकि, इस संबंध में जांच एजेंसियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। उल्लेखनीय है कि 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम जारी होने के बाद अभ्यर्थियों ने परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए आंदोलन शुरू किया था।