कोरबा । छत्तीसगढ़ विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कोरबा प्रवास के दौरान प्रदेश सरकार और स्थानीय विधायक एवं आबकारी मंत्री लखनलाल देवांगन पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। मीडिया से बातचीत में महंत ने रेत खदानों, कोयला कारोबार और कथित दलाली को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “कंबल ओढ़कर कैसे घी पीते हैं” और दावा किया कि रेत और कोयले से जुड़े काम मंत्री की अनुशंसा से चल रहे हैं।
👉कंबल ओढ़कर कैसे घी पीते हैं…’, महंत का तंज

प्रशासन के कथित बेलगाम होने को लेकर सवाल पूछे जाने पर डॉ. महंत ने कहा कि कोरबा में मंत्री को देखकर ही सब पता चल जाएगा। उन्होंने रेत खदानों के आवंटन और कोयला कारोबार का जिक्र करते हुए कहा कि “कोयले के दलालों का नाम खोजो तो पता लग जाएगा।”
महंत ने आगे आरोप लगाया कि “सब मंत्रीजी के अनुशंसा से चल रहा है।” उनके इस बयान के बाद कोरबा की स्थानीय राजनीति में रेत, कोयला और कथित राजनीतिक संरक्षण का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
👉’विपक्ष में बोलोगे तो बाल-बच्चे तक अंदर चले जाएंगे’
डॉ. महंत ने प्रशासनिक और कानून व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में ऐसा भय और दबाव का माहौल बनाया गया है कि सरकार के खिलाफ बोलने पर कार्रवाई का डर बना रहता है।
उन्होंने कहा कि यदि कोई ऐसे कथित अवैध कारोबारियों के नाम सामने लाने या उनके विपक्ष में बोलने की कोशिश करता है, तो उसके “बाल-बच्चे तक अंदर चले जाएंगे।” महंत ने यह टिप्पणी सरकार पर कथित दबाव और भय का माहौल बनाने का आरोप लगाते हुए की।
सस्पेंशन पर भी सरकार को घेरा
नेता प्रतिपक्ष ने अधिकारियों पर कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पटवारी, क्लर्क, शिक्षक और सिपाही को निलंबित किया जाता है, लेकिन एसपी, कलेक्टर और डिप्टी कलेक्टर जैसे उच्च अधिकारियों पर उसी तरह की कार्रवाई नहीं होती।
महंत ने सवाल उठाते हुए कहा कि “उच्चाधिकारियों को सस्पेंड नहीं करेंगे, ये सब आप भी देख रहे हैं।” उनके इस बयान को प्रशासनिक जवाबदेही के मुद्दे पर सरकार के खिलाफ बड़े राजनीतिक हमले के तौर पर देखा जा रहा है।
👉‘मंत्री जी का भविष्य उज्जवल नहीं’—महंत
मीडिया बातचीत के दौरान डॉ. महंत ने मंत्री लखनलाल देवांगन के राजनीतिक भविष्य को लेकर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा, “मुझे नहीं लगता कि मंत्री जी का भविष्य उज्जवल है।”
हालांकि, महंत ने अपने बयान में मंत्री का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया और “आपके यहां के मंत्रीजी” कहकर टिप्पणी की, लेकिन कोरबा विधायक और आबकारी मंत्री लखनलाल देवांगन के संदर्भ में उनके बयान को लेकर सियासी चर्चाएं तेज हो गई हैं।
👉आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं, BJP के जवाब पर नजर
डॉ. चरणदास महंत ने रेत खदानों के आवंटन, कोयला कारोबार और कथित दलाली को लेकर गंभीर राजनीतिक आरोप लगाए हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में मंत्री लखनलाल देवांगन और बीजेपी की ओर से इस बयान पर आने वाला जवाब महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
छत्तीसगढ़ की सियासत में बीजेपी और कांग्रेस के बीच जारी जुबानी जंग के बीच महंत का यह बयान कोरबा के स्थानीय राजनीतिक समीकरणों के साथ-साथ रेत और कोयला कारोबार से जुड़े मुद्दों को भी फिर से केंद्र में ले आया है।
