0 पुलिस कार्रवाई की सूचना लीक होने की जांच
रायपुर। कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा से कथित तौर पर 25 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में आरोपी शोएब ढेबर की तलाश जारी है। रायपुर कमिश्नरेट पुलिस ने उसके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी, लेकिन वह पुलिस के हाथ नहीं लगा। इसी बीच मामले में तेलीबांधा थाना और एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट में पदस्थ दो आरक्षकों को लाइन अटैच किया गया है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस कार्रवाई से जुड़ी गोपनीय जानकारी आरोपी तक पहुंचने की आशंका की भी जांच की जा रही है।
👉दो आरक्षकों पर हुई विभागीय कार्रवाई

कमिश्नरेट पुलिस के आदेश के अनुसार तेलीबांधा थाना में पदस्थ आरक्षक 733 अजीत कुमार गुप्ता को तत्काल प्रभाव से रक्षित केंद्र रायपुर से संबद्ध किया गया है। वहीं एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट में पदस्थ आरक्षक शिवम द्विवेदी को भी प्रशासनिक कारणों से रक्षित केंद्र पुलिस कमिश्नरेट रायपुर वापस किया गया है। दोनों के खिलाफ कार्रवाई के विस्तृत कारणों को लेकर विभागीय स्तर पर जानकारी सामने नहीं आई है।
👉छापेमारी से पहले ठिकाने से निकल गया शोएब
शोएब ढेबर की दोबारा गिरफ्तारी के लिए कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद पुलिस ने उसके पाम बेलाजिओ स्थित ठिकाने, बैरन बाजार स्थित पारिवारिक आवास समेत कई संभावित ठिकानों पर दबिश दी। रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस के पहुंचने से पहले ही शोएब वहां से निकल चुका था। उसकी संभावित मौजूदगी और संपर्कों को लेकर पुलिस टीमें लगातार जानकारी जुटा रही हैं।
👉कोर्ट से दोबारा गिरफ्तारी की मिली अनुमति
कुकरेजा से रंगदारी मांगने के मामले में शोएब ढेबर को पहले गिरफ्तार किया गया था, जिसके बाद उसे अदालत से जमानत मिल गई थी। इसके बाद पुलिस ने दोबारा गिरफ्तारी की अनुमति के लिए सीजेएम कोर्ट का रुख किया। 29 सितंबर को कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश तेज कर दी।
👉विदेशी नंबर से धमकी के बाद शुरू हुई थी जांच
पुलिस के अनुसार, आनंद कुकरेजा को विदेशी नंबर से कथित तौर पर धमकी भरे संदेश भेजकर 25 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। जांच के दौरान जांजगीर-चांपा के एक युवक को पकड़ा गया था। पूछताछ में शोएब ढेबर का नाम सामने आने के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था। अब उसकी दोबारा गिरफ्तारी के साथ पुलिस इस मामले में अन्य संभावित कड़ियों और कार्रवाई से जुड़ी जानकारी के लीक होने की भी जांच कर रही है।
