रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए एसीबी कोर्ट ने आरोपी सौम्या चौरसिया को 14 दिन की न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। इसके साथ ही अब सौम्या चौरसिया 30 जनवरी तक न्यायिक हिरासत में रहेंगी।
ईओडब्ल्यू ने प्रोडक्शन वारंट के तहत उन्हें गिरफ्तार कर कस्टोडियल रिमांड पर पूछताछ की थी। पूछताछ पूरी होने के बाद शुक्रवार को उन्हें कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
जांच एजेंसियों के अनुसार शराब की खरीद, वितरण और बिक्री की पूरी प्रक्रिया में एक संगठित सिंडिकेट सक्रिय था। इस सिंडिकेट के जरिए सरकारी खजाने को करोड़ों रुपये का नुकसान पहुंचाया गया और अवैध रूप से भारी मुनाफा कमाया गया। जांच एजेंसियों के मुताबिक तय कीमत से अधिक दरों पर शराब बिकवाई गई और कमीशन का बड़ा खेल चलाया गया।
👉 सौम्या चौरसिया पर गंभीर आरोप

जांच एजेंसियों के अनुसार सौम्या चौरसिया पर अपने पद और प्रभाव का दुरुपयोग कर शराब सिंडिकेट को संरक्षण देने का आरोप है। बताया जा रहा है कि शराब कारोबार से जुड़े अहम फैसलों में उनकी भूमिका रही और अवैध लेन-देन से जुड़ी रकम तक उनकी पहुंच थी। जांच में यह भी सामने आया है कि शराब घोटाले से जुड़े कुछ प्रमुख लोगों से उनका सीधा संपर्क था। ईडी और ईओडब्ल्यू का कहना है कि सौम्या चौरसिया से पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई हैं और मामले की जांच अभी जारी है।
