कोरबा । जनपद पंचायत करतला अंतर्गत ग्राम पंचायत लबेद में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के कार्यों में अनियमितता और जेसीबी मशीन से काम कराए जाने के आरोप को लेकर ग्रामीण कलेक्टर कार्यालय पहुंच गए। उप सरपंच सुक सिंह पटेल के नेतृत्व में पंचगण, ग्रामवासी एवं मनरेगा श्रमिकों ने जनदर्शन में लिखित शिकायत सौंपते हुए रोजगार सहायक राजू पटेल के विरुद्ध जांच एवं सेवा समाप्ति की मांग की।


ग्रामीणों ने बताया कि मनरेगा का उद्देश्य ग्रामीण गरीब परिवारों को 100 दिनों का रोजगार उपलब्ध कराना है, लेकिन ग्राम पंचायत लबेद में स्वीकृत कार्यों में मजदूरों को काम नहीं मिल रहा। इंटरलॉकिंग टाइल्स सड़क एवं तटबंध निर्माण सहित लगभग 30 लाख रुपये के कार्य स्वीकृत हैं, जिनमें करीब 6.50 लाख रुपये मजदूरी मद में निर्धारित बताए गए हैं। इसके बावजूद श्रमिकों को काम देने के बजाय जेसीबी एवं अन्य मशीनों से कार्य कराए जाने का आरोप लगाया गया है।

शिकायतकर्ताओं का कहना है कि मशीनों से कार्य कराए जाने से चयनित मजदूर रोजगार से वंचित हो रहे हैं तथा योजना की मंशा प्रभावित हो रही है। मजदूरी भुगतान में गड़बड़ी, फर्जी नामों पर भुगतान और पूर्व में भी अनियमितताओं की शिकायतें होने का आरोप लगाया गया है।

ग्रामीणों ने यह भी मांग की है कि संबंधित रोजगार सहायक की आय के स्रोत, संपत्ति और कार्यप्रणाली की निष्पक्ष जांच कराई जाए। उनका कहना है कि यदि आरोप सिद्ध होते हैं तो सेवा समाप्ति सहित कड़ी कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में इस प्रकार की अनियमितताओं पर रोक लग सके।
ग्रामीणों ने जिला पंचायत कोरबा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी से भी मुलाकात कर शिकायत दर्ज कराई। जिला CEO ने आश्वस्त किया कि जांच टीम गठित कर मौके पर निरीक्षण कराया जाएगा और अनियमितता पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
