कोलकाता। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले राजधानी कोलकाता में मंगलवार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय के बाहर तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कार्यकर्ताओं के बीच मतदाता सूची में कथित हेरफेर को लेकर हिंसक झड़प हो गई। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि पुलिस को शांति बहाल करने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।

जानकारी के अनुसार, विवाद की शुरुआत मतदाता सूची में फॉर्म 6 के कथित दुरुपयोग को लेकर हुई। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि BJP अन्य राज्यों के लोगों को अवैध रूप से पश्चिम बंगाल की मतदाता सूची में शामिल करने का प्रयास कर रही है। इस मुद्दे को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए, जिसके बाद हालात बेकाबू हो गए।
👉शुभेंदु अधिकारी के दौरे के बाद बढ़ा तनाव
दोपहर में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ आधिकारिक शिकायत दर्ज कराते हुए उन पर क्षेत्र में अशांति फैलाने का आरोप लगाया। उनके दौरे के कुछ ही समय बाद प्रदर्शन ने उग्र रूप ले लिया और हिंसा भड़क उठी। हिंसक झड़प के दौरान प्रदर्शनकारियों ने मौके पर खड़े कई वाहनों में तोड़फोड़ की, जिससे इलाके में दहशत फैल गई। भीड़ को नियंत्रित करने के प्रयास में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच भी धक्का-मुक्की और झड़प हुई।
👉अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात
घटना के बाद हालात को नियंत्रित करने के लिए मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय के बाहर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कुछ समय तक स्थिति बेहद तनावपूर्ण रही, लेकिन बाद में नियंत्रण में ले ली गई। फिलहाल वरिष्ठ अधिकारी क्षेत्र में नजर बनाए हुए हैं ताकि भविष्य में किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
