रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर की बिजली व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ी उपलब्धि सामने आई है। 400 केवी रायता उपकेंद्र से दलदलसिवनी तक 27 किलोमीटर लंबी 220 केवी डबल सर्किट अति उच्च दाब विद्युत लाइन चालू कर दी गई है। इसके साथ ही रायपुर का सप्लाई ग्रिड अब सीधे जांजगीर-चांपा जिले के अटल बिहारी वाजपेयी ताप विद्युत गृह, मड़वा से जुड़ गया है।
👉रायपुर को मिलेगा मड़वा प्लांट की बिजली का सीधा लाभ

करीब 40 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस नई ट्रांसमिशन लाइन के शुरू होने से रायपुर की लगभग 40 प्रतिशत विद्युत आपूर्ति मड़वा ताप विद्युत गृह से सीधे की जा सकेगी।
मड़वा संयंत्र में 500-500 मेगावाट क्षमता की दो ताप विद्युत उत्पादन इकाइयां संचालित हैं। राजधानी रायपुर में सामान्य दिनों में करीब 500 से 700 मेगावाट तक बिजली की मांग रहती है। ऐसे में नई लाइन राजधानी की बिजली जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
👉उरला-सिलतरा के उद्योगों को भी फायदा
नई विद्युत लाइन का लाभ केवल घरेलू उपभोक्ताओं तक सीमित नहीं रहेगा। उरला, सिलतरा और मेटल पार्क जैसे प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों को भी अधिक मजबूत और विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति मिलने की उम्मीद है।
इससे राजधानी के बिजली सप्लाई सिस्टम को अतिरिक्त मजबूती मिलेगी और मांग बढ़ने के दौरान बिजली आपूर्ति को संभालना आसान होगा।
👉27 किमी लाइन, इन इलाकों से होकर गुजरी
रायता से दलदलसिवनी तक बनी यह करीब 27 किलोमीटर लंबी लाइन कुशल, सिलियारी, पथरी, टोर, बरबंदा, नेवरा, मटिया, दोंदेखुर्द, सेमरिया, गिरहोली, मांढ़र, गिरौद, बरौदा, टेकरी और उरकुरा सहित कई क्षेत्रों से होकर गुजरती है।
छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी के प्रबंध निदेशक राजेश कुमार शुक्ला ने रायता उपकेंद्र से नई लाइन का चार्जिंग कार्य संपन्न कराया।
👉दलदलसिवनी में 220 केवी उपकेंद्र भी जल्द होगा तैयार
दलदलसिवनी के पूर्वी हिस्से में 2×160 एमवीए क्षमता वाले 220/132/33 केवी उपकेंद्र का निर्माण अंतिम चरण में है। इसके चालू होने के बाद रायपुर की हाई-वोल्टेज विद्युत अधोसंरचना और मजबूत होगी। इस उपकेंद्र से 50 हजार से अधिक विद्युत उपभोक्ताओं को प्रत्यक्ष लाभ मिलने की उम्मीद है।
👉मुख्यमंत्री ने दी बधाई
इस उपलब्धि पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज़ को बधाई दी है। वहीं कंपनी के चेयरमैन सुबोध कुमार सिंह ने अधिकारियों और कर्मचारियों की टीम को शुभकामनाएं देते हुए इसे राजधानी की विद्युत व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।
