CG : प्रदेश में लोजपा की सीधे सियासी एंट्री की तैयारी ,राजधानी में चिराग पासवान का बड़ा ऐलान ,जानें क्या है प्लान ….

रायपुर। लोक जनशक्ति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने छत्तीसगढ़ की राजनीति में पार्टी की सीधी एंट्री का ऐलान कर दिया है। रविवार को रायपुर पहुंचे चिराग का पार्टी कार्यकर्ताओं ने एयरपोर्ट पर ढोल-नगाड़ों और गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। वे राजधानी में आयोजित ‘युवा संवाद’ कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे थे।

मीडिया से बातचीत करते हुए चिराग पासवान ने साफ किया कि जल्द ही छत्तीसगढ़ में LJP की प्रदेश इकाई (State Unit) का गठन किया जाएगा। इसके बाद संगठन स्तर पर नियुक्तियां कर पार्टी को गांव-गांव तक मजबूत करने की तैयारी है। उन्होंने आने वाले चुनावों में पार्टी की मौजूदगी दर्ज कराने के भी साफ संकेत दिए।

👉संगठन विस्तार और युवाओं पर फोकस

चिराग पासवान ने कहा कि उनकी प्राथमिकता प्रदेश में युवाओं को राजनीति से जोड़ना है। रायपुर में आयोजित युवा संवाद का मकसद भी युवाओं से सीधी बात कर उनकी समस्याओं को समझना था। चुनाव लड़ने के सवाल पर उन्होंने कहा कि संगठन मजबूत होने के बाद पार्टी चुनाव में उतरेगी, हालांकि उन्होंने कितनी सीटों पर चुनाव लड़ेंगे—इस पर अभी पत्ते नहीं खोले।
भाजपा के साथ गठबंधन के सवाल पर चिराग ने कहा, गठबंधन का फैसला वक्त आने पर और राज्य इकाई की राय के आधार पर किया जाएगा। हमारी पार्टी कई राज्यों में स्वतंत्र रूप से भी अपनी राजनीतिक जड़ें मजबूत कर रही है।

👉SIR और निष्पक्ष चुनाव पर क्या बोले चिराग?

इलेक्शन कमीशन और SIR प्रक्रिया पर उठ रहे सवालों पर चिराग पासवान ने बेहद संतुलित बयान दिया। उन्होंने कहा, अगर आम मतदाता को चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर जरा भी शक होता है, तो आयोग का यह फर्ज है कि वह उसका भरोसा बहाल करे। SIR प्रक्रिया में जिनके नाम काटे गए हैं, वे केवल सामान्य वोटर नहीं थे, वरना सड़कों पर बड़ा जनांदोलन खड़ा हो गया होता।

👉कांग्रेस और EVM विवाद पर साधा निशाना

चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाने और चुनाव रद्द करने की मांग को लेकर चिराग ने कांग्रेस को आड़े हाथों लिया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, अगर कांग्रेस को चुनाव प्रणाली पर इतना ही अविश्वास है, तो क्या राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और उनके विधायक हिमाचल प्रदेश या अन्य जगह अगला चुनाव नहीं लड़ेंगे? उन्होंने यह भी दावा किया कि SIR का मुद्दा उठने के बाद अब कांग्रेस ने EVM पर सवाल उठाना बंद कर दिया है।