CG : बड़ी खबर💥 शिक्षक भर्ती परीक्षा पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक ,सरकार से मांगा जवाब,दृष्टिबाधित अभ्यर्थियों के आरक्षण पर उठे थे सवाल …

बिलासपुर । छत्तीसगढ़ में शिक्षक और सहायक शिक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। भर्ती विज्ञापन में दिव्यांग अभ्यर्थियों के आरक्षण से जुड़े प्रावधानों को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने भर्ती परीक्षा पर रोक लगा दी है। चीफ जस्टिस कृष्णराम महापात्र की डिवीजन बेंच ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि भर्ती प्रक्रिया में पूरी तरह दृष्टिबाधित अभ्यर्थियों को आरक्षण का लाभ देने की उचित व्यवस्था नहीं की गई है।

दरअसल राज्य सरकार ने शिक्षक और सहायक शिक्षक पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया था। विज्ञापन में दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए आरक्षण से संबंधित प्रावधानों को चुनौती देते हुए कुछ अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की। याचिकाकर्ताओं की ओर से पैरवी करते हुए अधिवक्ता रूंगटा ने अदालत को बताया कि भर्ती विज्ञापन में दिव्यांग आरक्षण से संबंधित नियमों का उचित पालन नहीं किया गया है।
इसके लिए सामान्य प्रशासन विभाग और समाज कल्याण विभाग के सर्कुलर का हवाला भी दिया गया। याचिका के अनुसार, भर्ती में दिव्यांगों की कुछ श्रेणियों के लिए आरक्षण की व्यवस्था है, लेकिन पूरी तरह दृष्टिबाधित अभ्यर्थियों को इसका लाभ देने के लिए आवश्यक प्रावधान नहीं किए गए हैं। इससे ऐसे अभ्यर्थियों के शिक्षक और सहायक शिक्षक बनने के अवसर प्रभावित होने का आरोप लगाया गया है।

👉समान अवसर और संवैधानिक अधिकारों का मुद्दा

याचिकाकर्ताओं ने भर्ती प्रक्रिया में अपनाई गई व्यवस्था को समान अवसर और संवैधानिक अधिकारों के विपरीत बताया है। उनका कहना है कि दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए निर्धारित नियमों और सरकारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप भर्ती में अवसर सुनिश्चित किए जाने चाहिए। मामले की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। अदालत के आदेश से भर्ती प्रक्रिया प्रभावित होने की स्थिति बन गई है।

👉रविवार की परीक्षा को लेकर अभ्यर्थियों की चिंता

भर्ती परीक्षा के निर्धारित कार्यक्रम को लेकर भी अभ्यर्थियों के बीच असमंजस की स्थिति है। व्यावसायिक परीक्षा मंडल की ओर से रविवार को प्रस्तावित परीक्षा पर हाईकोर्ट के आदेश का क्या असर होगा, इसे लेकर अभ्यर्थी आधिकारिक जानकारी का इंतजार कर रहे हैं। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के अनुसार परीक्षा स्थगित करने या आगे की प्रक्रिया के संबंध में सरकार अथवा व्यापमं की ओर से अलग से जारी किसी आधिकारिक आदेश की पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा की स्थिति और भर्ती की आगामी प्रक्रिया पर आधिकारिक सूचना महत्वपूर्ण होगी। फिलहाल, इस मामले में राज्य सरकार के जवाब और हाईकोर्ट की आगे की सुनवाई पर नजर रहेगी।