आंगलोंग जिले में सॉर्टी के दौरान गायब हुआ भारतीय वायु सेना का लड़ाकू विमान ,सुखोई Su -30 MKI लापता,क्रैश होने की आशंका, सर्च ऑपरेशन जारी …

असम। भारतीय वायुसेना (IAF) का एक सुखोई Su-30 MKI लड़ाकू विमान रडार से लापता हो गया है। गुवाहाटी रक्षा पीआरओ ने गुरुवार को इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि विमान का पता लगाने के लिए एक तलाशी अभियान शुरू किया गया है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार 4.5वीं पीढ़ी का यह सुखोई विमान गुरुवार शाम लगभग 7 बजे करबी आंगलोंग जिले में एक सॉर्टी के दौरान गायब हुआ। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, यह दुर्घटनाग्रस्त हो गया है और स्थानीय लोगों ने भी एक जोरदार धमाका सुना है।

हालांकि, वायुसेना या रक्षा मंत्रालय ने अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। विमान का पायलट भी लापता है, जिसकी तलाश और बचाव अभियान जारी है। वायुसेना के हेलीकॉप्टर और ग्राउंड टीमें अंतिम रडार लोकेशन के आसपास खोज अभियान चला रही हैं।

👉गुरुवार को 7:42 बजे के बाद रडार से गायब है सुखोई

भारतीय वायुसेना ने एक आधिकारिक बयान में बताया कि विमान जोरहाट, असम से उड़ान भरने के बाद से ‘ओवरड्यू’ घोषित किया गया है। असम के कार्बी आंगलोंग जिले के पहाड़ी क्षेत्र में उड़ान भर रहे भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान का ग्राउंड कंट्रोल से अचानक संपर्क टूट गया। X पर एक पोस्ट में, IAF ने पुष्टि की कि विमान से आखिरी संपर्क रात 7:42 बजे हुआ था, जिसके बाद वह रडार से गायब हो गया। अधिकारियों ने बताया कि मामले से संबंधित अन्य विवरण जुटाए जा रहे हैं।

👉घनी पहाड़ी और जंगल में सर्च करना हुआ मुश्किल

विमान में कितने लोग सवार थे और उसकी अंतिम ज्ञात स्थिति क्या थी, इस बारे में अधिकारियों ने अभी तक कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी है। प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, यह विमान पहाड़ी इलाके के ऊपर उड़ रहा था जब यह घटना हुई।रक्षा प्रतिष्ठान के सूत्रों के अनुसार, रडार संपर्क टूटने वाला इलाका घना जंगल और पहाड़ी है, जिससे खोज व बचाव अभियान बेहद मुश्किल हो रहा है। बचाव दल स्थानीय प्रशासन तथा अन्य सुरक्षा बलों के साथ मिलकर इस चुनौतीपूर्ण क्षेत्र में अपना अभियान चला रहे हैं।

👉Sukhoi Su-30 MKI की खासियत क्‍या है?

Sukhoi Su-30MKI भारतीय वायुसेना का एक प्रमुख ट्विन-इंजन मल्टीरोल फाइटर जेट है। इसमें आमतौर पर दो पायलट (पायलट और वेपन सिस्टम ऑपरेटर) होते हैं। सुखोई-30MKI भारतीय वायुसेना के प्रमुख मल्टी-रोल लड़ाकू विमानों में से एक है, जो देश की वायु रक्षा क्षमता का अहम हिस्सा है। इस श्रेणी के विमानों से जुड़े हादसे पहले भी हुए हैं।

👉Sukhoi Su-30 MKI पहले कब हुआ दुर्घटनाग्रस्‍त?

अगस्त 2019 में, असम के तेजपुर के पास एक IAF सुखोई-30MKI एक नियमित प्रशिक्षण मिशन में दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। उसमें दोनों पायलट सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहे और बाद में उन्हें बचा लिया गया।
इससे पहले मई 2015 में भी एक सुखोई-30MKI विमान तेजपुर एयर फोर्स बेस से लगभग 36 किमी दक्षिण में दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। यह हादसा टेक-ऑफ के तुरंत बाद हुआ था, जिसमें दोनों पायलट सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे थे। अधिकारियों ने बताया है कि वर्तमान में खोज अभियान जारी है, और स्थिति स्पष्ट होने पर ही आगे की जानकारी प्रदान की जाएगी।