दुर्ग। जिले के रिसाली नगर निगम के पार्षद विनय नेताम को आधार केंद्र में तोड़फोड़ और निगम कार्यों में बाधा पहुंचाने के मामले में पद से बर्खास्त कर दिया गया है। संभाग आयुक्त ने उपलब्ध साक्ष्यों और दस्तावेजों के आधार पर छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 19(1)(अ) के तहत यह कार्रवाई की है।
आधार केंद्र में तोड़फोड़ का मामला
मामला 29 मार्च 2024 का बताया जा रहा है।

आरोप है कि मतदाता जागरूकता बाइक रैली के दौरान पार्षद विनय नेताम निगम मुख्यालय स्थित आधार पंजीयन केंद्र पहुंचे और वहां तोड़फोड़ की। शिकायत के मुताबिक प्रिंटर, मॉनिटर, बायोमेट्रिक मशीन और स्कैनर सहित कई उपकरण क्षतिग्रस्त किए गए। नगर निगम प्रशासन के अनुसार घटना में करीब 1 लाख रुपए की सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचा और निगम कार्य प्रभावित हुआ।
👉सुनवाई में सामने आए तथ्य
मामले में नेवई थाने में IPC की धारा 427, 294 और 506 के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी। सुनवाई के दौरान आधार ऑपरेटर अमरदीप कुमार साव ने न्यायालय में बयान देकर आरोपों की पुष्टि की। वहीं बचाव पक्ष ने मामले को राजनीतिक रंजिश बताया, लेकिन न्यायालय को दावों के समर्थन में कोई ठोस साक्ष्य नहीं मिले।
👉अधिकारियों को बंधक बनाने का भी आरोप
सुनवाई के दौरान रिसाली नगर निगम आयुक्त की रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया कि पार्षद ने निगम कार्यालय में अधिकारियों के कमरों को बंद कर दिया था, जिससे कर्मचारियों को बंधक जैसी स्थिति का सामना करना पड़ा। न्यायालय ने कहा कि पार्षद पक्ष इस आरोप पर भी संतोषजनक जवाब नहीं दे सका।
👉सार्वजनिक हित में कार्रवाई
संभाग आयुक्त ने आदेश में कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों से यह स्पष्ट है कि विनय नेताम ने निर्वाचित जनप्रतिनिधि के दायित्वों का उचित निर्वहन नहीं किया और निगम कार्यों में बाधा उत्पन्न की। इसी आधार पर उन्हें पार्षद पद से बर्खास्त किया गया।
