दिल्ली. भारतीय महिला क्रिकेट टीम के इतिहास में एक नए और रोमांचक अध्याय की शुरुआत हो चुकी है. टीम की स्टार सलामी बल्लेबाज और मॉडर्न समय की महान बल्लेबाजों में शुमार स्मृति मंधाना को भारतीय महिला क्रिकेट टीम का नया कप्तान नियुक्त किया गया है.
यह बड़ा बदलाव उस समय सामने आया जब अनुभवी बल्लेबाज हरमनप्रीत कौर ने खेल के तीनों फॉर्मेट (टेस्ट, वनडे और टी20ई) की कप्तानी से अचानक इस्तीफा दे दिया. हरमनप्रीत के इस फैसले के कुछ ही घंटों बाद बीसीसीआई ने स्मृति मंधाना को देश की कमान सौंपने का आधिकारिक ऐलान कर दिया. सांगली की रहने वाली इस बाएं हाथ की स्टाइलिश बल्लेबाज का फुल-टाइम कप्तान के तौर पर यह पहला बड़ा सफर आगामी जिम्बाब्वे दौरे से शुरू होगा.
स्मृति मंधाना (Smriti mandhana) के लिए यह जिम्मेदारी नई नहीं है, क्योंकि उनके पास पहले से ही कप्तानी का एक मजबूत और सफल अनुभव रहा है. वह अतीत में कई मौकों पर भारतीय टीम की कमान संभाल चुकी हैं. इसके अलावा, महिला प्रीमियर लीग (WPL) में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) का नेतृत्व करते हुए उन्होंने अपनी कप्तानी का लोहा मनवाया है और टीम को दो बार चैंपियन बनाया है. उनकी यह शानदार लीडरशिप क्षमता और मैदान पर शांत रहकर फैसले लेने की कला उन्हें इस बड़ी जिम्मेदारी के लिए सबसे उपयुक्त उम्मीदवार बनाती है.
👉आंकड़ों के मामले में बेजोड़ हैं मंधाना

आंकड़ों के लिहाज से देखा जाए, तो स्मृति मंधाना का करियर उपलब्धियों से भरा हुआ है. अंतरराष्ट्रीय महिला क्रिकेट में वह वर्तमान में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाजों की सूची में शीर्ष पर काबिज हैं. टी20 अंतरराष्ट्रीय (WT20I) क्रिकेट में भी उनका बल्ला जमकर बोला है और वह सबसे ज्यादा रन बनाने वाली दुनिया की नंबर एक बल्लेबाज हैं.
👉जिम्बाब्वे दौरे पर इतिहास रचने का मौका

आगामी जिम्बाब्वे के खिलाफ सीरीज में उनके पास इतिहास रचने का एक सुनहरा मौका भी होगा. यदि वह इस सीरीज में अपने बल्ले से कमाल जारी रखती हैं, तो वह महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 5,000 रन बनाने वाली दुनिया की पहली महिला खिलाड़ी बन सकती हैं. यह मील का पत्थर न केवल उनके व्यक्तिगत करियर में बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट के इतिहास में भी एक ऐतिहासिक उपलब्धि होगी.
👉बीसीसीआई और समर्थन के लिए आभार

कप्तानी मिलने के बाद बीसीसीआई (BCCI) द्वारा जारी एक आधिकारिक बयान में स्मृति मंधाना ने अपनी भावनाएं साझा कीं. उन्होंने कहा कि भारत की कमान संभालना उनके लिए बेहद गर्व और सम्मान की बात है. देश का प्रतिनिधित्व करना हमेशा से उनके लिए बहुत मायने रखता आया है और अब टीम का नेतृत्व करने का अवसर मिलना उनके लिए अमूल्य है. उन्होंने बीसीसीआई, चयनकर्ताओं, अपने साथियों और उन सभी लोगों का आभार व्यक्त किया जिन्होंने उनकी पूरी यात्रा में उनका समर्थन किया और उन पर भरोसा जताया.
👉हरमनप्रीत कौर के योगदान की सराहना
अपनी पूर्व कप्तान और साथी खिलाड़ी हरमनप्रीत कौर के योगदान को याद करते हुए स्मृति ने उनकी जमकर सराहना की. उन्होंने कहा कि वह बतौर कप्तान हरमनप्रीत द्वारा पिछले कुछ वर्षों में दिए गए योगदान को सलाम करती हैं. हरमनप्रीत ने पूरी प्रतिबद्धता के साथ टीम का नेतृत्व किया है और भारतीय महिला क्रिकेट की इस विकास यात्रा का एक अहम हिस्सा रही हैं.
